क्लाउड स्टोरेज क्या है, प्रकार, फायदे और नुकसान

क्लाउड स्टोरेज क्या है, प्रकार, फायदे और नुकसान – Cloud Storage

क्लाउड स्टोरेज क्या है, क्लाउड स्टोरेज के प्रकार, क्लाउड स्टोरेज के फायदे और नुकसान : क्लाउड स्टोरेज क्या है (What is Cloud Storage in hindi), क्लाउड स्टोरेज के प्रकार (Types of Cloud Storage in hindi), क्लाउड स्टोरेज के फायदे और नुकसान आदि प्रश्नों के उत्तर यहाँ बताये गए हैं।

क्लाउड स्टोरेज क्या है (What is Cloud Storage in hindi)

क्लाउड स्टोरेज (Cloud Storage) एक प्रकार की स्टोरेज है जिस पर डाटा को रिमोट सर्वर पर स्टोर किया जा सकता है जिसे जिसको क्लाउड (इंटरनेट) के माध्यम से कभी भी और कहीं से भी एक्सेस किया जा सकता है। क्लाउड स्टोरेज पर डाटा को मेन्टेन, मैनेज और उसका बैकअप सर्वर से दूर रहकर भी लिया जा सकता है। क्लाउड स्टोरेज का चार्ज यूजर द्वारा मासिक (monthly) या उपयोग (Uses) / खपत की दर (per consumption rate) के अनुसार लिया जाता है।

क्लाउड स्टोरेज के लिए काफी बड़े डाटा सेंटर्स का प्रयोग किया जाता है जोकि फिजिकली डाटा को स्टोर कर उस डाटा को इंटरनेट के द्वारा लोगों को उपलब्ध करवाते हैं। यूजर रेमॉटली अपना डाटा अपलोड या डाउनलोड कर सकता है। क्लाउड स्टोरेज काफी कॉस्ट इफेक्टिव और बेहतर होती है। क्लाउड स्टोरेज पर यूजर सिर्फ उतना ही चार्ज पे करता है जितना स्पेस वो ऑक्युपाइ करता है।

क्लाउड स्टोरेज आपको अपनी सामग्री को अन्य उपयोगकर्ताओं या आपकी कंपनी के सदस्यों के साथ साझा करने की भी अनुमति देता है। आप  औरों के साथ साझा की गई फ़ाइलों को पढ़ने या सम्पादित करने की अनुमति भी दे सकते हैं। क्लाउड स्टोरेज में संग्रहित डेटा को मजबूत पासवर्ड के संयोजन द्वारा हैकर्स से सुरक्षित और संरक्षित किया जाता है ताकि कोई भी अनधिकृत व्यक्ति आपके द्वारा साझा या अपलोड की गई फ़ाइलों तक नहीं पहुंच सके।

क्लाउड स्टोरेज तकनीकी प्रगति का एक उदाहरण है जो हमें अपनी सामग्री को सुरक्षित रखने, प्रबंधित करने और कहीं से भी एक्सेस करने की सुविधा प्रदान करता है।

क्लाउड स्टोरेज के प्रकार (Types of Cloud Storage in hindi)

मुख्य रूप से क्लाउड स्टोरेज के 4 प्रकार होते हैं –

  1. पर्सनल क्लाउड स्टोरेज (Personal Cloud Storage)
  2. पब्लिक क्लाउड स्टोरेज (Public Cloud Storage)
  3. प्राइवेट क्लाउड स्टोरेज (Private Cloud Storage)
  4. हाइब्रिड क्लाउड स्टोरेज (Hybrid Cloud Storage)

1. पर्सनल क्लाउड स्टोरेज (Personal Cloud Storage) –

पर्सनल क्लाउड स्टोरेज को मोबाइल क्लाउड स्टोरेज के नाम से भी जाना जाता है। पर्सनल क्लाउड स्टोरेज, पब्लिक क्लाउड स्टोरेज का एक हिस्सा है। जिसमें इंडिविजुअल डाटा को क्लाउड स्टोरेज में स्टोर किया जाता है। उदाहरण के लिए तोर पर google drive या एपल्स का iCloud है। पर्सनल क्लाउड स्टोरेज डाटा सिंक्रनाइज़ की भी सुविधा प्रदान करता है। जिससे की उपयोगकर्ता किसी भी डिवाइस मोबाइल या लैपटॉप से इसको एक्सेस कर सकते हैं।

2. पब्लिक क्लाउड स्टोरेज (Public Cloud Storage) –

पब्लिक क्लाउड स्टोरेज में बड़े-बड़े एंटरप्राइज और कंपनियां अपना डेटा स्टोर करती हैं। इसका उपयोग साधारण व्यक्ति के लिए नहीं होता है। Microsoft, Amazon, Google, IBM, और अन्य जैसी कंपनियां सेवा के रूप में भंडारण की पेशकश करती हैं।

3. प्राइवेट क्लाउड स्टोरेज (Private Cloud Storage) –

इंटरप्राइजेज डेटा सेण्टर में एंटरप्राइज और क्लाउड स्टोरेज प्रोवाइडर दोनों मिलकर इंटेग्रटे हो जाते है। प्राइवेट क्लाउड स्टोरेज में स्टोरेज प्रोवाइडर का Infrastructure होता है जिसे एंटरप्राइज डेटा सेण्टर में typically storage provider ही मैनेज करता है।

4. हाइब्रिड क्लाउड स्टोरेज (Hybrid Cloud Storage) –

हाइब्रिड क्लाउड स्टोरेज, क्लाउड स्टोरेज के प्रबंधन का एक तरीका है जो स्थानीय और ऑफ-साइट दोनों संसाधनों (resources) का उपयोग करता है। हाइब्रिड क्लाउड स्टोरेज इन्फ्रास्ट्रक्चर का उपयोग अक्सर पब्लिक क्लाउड स्टोरेज के साथ आंतरिक डेटा स्टोरेज के लिए किया जाता है। हाइब्रिड क्लाउड स्टोरेज यह पब्लिक और प्राइवेट का कॉम्बिनेशन होती है। हाइब्रिड क्लाउड स्टोरेज में पब्लिक क्लाउड स्टोरेज प्रोवाइडर से डेटा को स्टोर और एक्सेस किया जा सकता है।

क्लाउड स्टोरेज के फायदे (Benefits of cloud storage in hindi)

  • क्लाउड स्टोरेज आसान उपयोगिता और पहुंच के कारण काफी लाभकारी होती है। क्लाउड स्टोरेज के माध्यम से हम अपनी stored files को इंटरनेट की सहायता से दुनिया में कहीं और कभी भी एक्सेस कर सकते हैं।
  • क्लाउड स्टोरेज अपनी बेहतर सुरक्षा के लिए भी प्रयोग की जाती है। यदि कुछ भी इंटरनेट से जुड़ा है, तो सुरक्षा एक प्राथमिक चिंता होती है इसलिए ज्यादातर बड़े और छोटे व्यवसाय क्लाउड स्टोरेज सेवाओं का उपयोग करते हैं।
  • क्लाउड स्टोरेज पर फ़ाइलों का सुविधाजनक साझाकरण किया जा सकता है। इसमें लोगों को individually mail भेजने की जरूरत नहीं होती है इसमें एक ईमेल के जरिए एक वेब लिंक अपने recipients को भेज कर फाइल या पूरा फोल्डर ही शेयर कर सकते हैं।
  • क्लाउड स्टोरेज काफी Cost-efficient भी होती है क्योंकि इसमें यूजर को उसके स्पेस और इस्तेमाल किये जा रहे संसाधनों (resources) के हिसाब से ही रुपया देना होता है।
  • Automation और Synchronization भी क्लाउड स्टोरेज की एक खाशियत है इसमें आप अपने मोबाइल या लैपटॉप में काम करते हुए है बैकग्राउंड में डाटा को सिंक्रोनाइज (Synchronize) कर सकते हैं और यह सब अपने आप ही होता रहता है।
  • क्लाउड स्टोरेज स्केलेबल और फ्लेक्सिबल होती हैं। यदि आपकी स्टोरेज भर जाती है, तो आप स्टोरेज को अपग्रेड कर सकते हैं और आपको अपने मौजूदा (Existing) डेटा को एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले जाने की आवश्यकता नहीं होती है, अतिरिक्त स्टोरेज को आपकी मौजूदा भण्डारण क्षमता में जोड़ दिया जाता है। कुछ अतिरिक्त सुविधाओं को भी साथ में जोड़ा जा सकता है और आवश्यकता न होने पर अतिरिक्त भण्डारण क्षमता को हटाया भी जा सकता है।
  • Disaster recovery और backup जैसी सुविधाएँ भी क्लाउड स्टोरेज में मिलती हैं।

क्लाउड स्टोरेज के नुकसान (Losses of Cloud Storage in hindi)

  • क्लाउड स्टोरेज का सबसे नुकसान इसकी इंटरनेट पर निर्भरता है बिना इंटरनेट के क्लाउड स्टोरेज का डाटा न तो डाउनलोड किया जा सकता है न अपलोड और न ही एडिट या शेयर। यदि किसी फाइल को डाउनलोड करते समय इंटरनेट विफल हो जाये तो वह फाइल करप्ट हो सकती है और उस फाइल को फिर से डाउनलोड करना पड़ेगा।
  • डेटा सुरक्षा और गोपनीयता (Data security and privacy) क्लाउड स्टोरेज की एक बहुत बड़ी समस्या है कई बार क्लाउड स्टोरेज का डाटा लीक हो जाता है।
  • व्यावसायिक उद्देश्यों के लिए डिज़ाइन होने की वजह से क्लाउड स्टोरेज महंगी होती है। इसका कारण यह है कि वे विशेष रूप से व्यावसायिक उद्देश्यों की पूर्ति के लिए डिज़ाइन होती है।
  • क्लाउड स्टोरेज में आपका डाटा किसी अन्य व्यक्ति के हाथ यानि क्लाउड स्टोरेज प्रोवाइडर कंपनी के हाथों में होता है इसीलिए अपने डाटा के लिए आप हमेशा ही चिंतित रहते हैं।

जानें क्लस्टर कंप्यूटिंग क्या होता है, प्रकार, लाभ और हानि

प्रातिक्रिया दे

Your email address will not be published.

*